भदोही के निजी अस्पताल में प्रसव के दौरान महिला की मौत, परिजनों का हंगामा
तीसरी बार हो रहा था महिला का सीजेरियन ऑपरेशन
डॉक्टरों की लापरवाही से अत्यधिक रक्तस्राव होने से महिला की मौत
डे समाचार डेस्क
भदोही, 09 दिसम्बर
ऑपरेशन के बाद बिगड़ी हालत, रास्ते में तोड़ा दम
भदोही शहर स्थित एक निजी अस्पताल में सोमवार की देर रात एक महिला को प्रसव के लिए भर्ती कराया गया था। जहां ऑपरेशन के बाद उसकी हालत अचानक बिगड़ गई और तेज़ ब्लीडिंग शुरू हो गई। मामला गंभीर होता देख प्रसूता को बीएचयू के लिए रेफर किया गया, लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
रामरायपुर स्थित निजी अस्पताल में मचा हड़कंप

हरियाँव गाँव निवासी राजेश प्रजापति की 30 वर्षीय पत्नी रीता का प्रसव होना था। सोमवार रात दर्द बढ़ने पर परिजन उसे रामरायपुर स्थित निजी अस्पताल में भर्ती कराए। अस्पताल में सीजेरियन ऑपरेशन किया गया, जिसके बाद लगातार रक्तस्राव शुरू हो गया और उसकी हालत लगातार गिरती चली गई।परिजनों का आरोप है कि स्थिति बिगड़ने पर डॉक्टरों ने समय से न तो इलाज उपलब्ध कराया और न ही जानकारी दी।
परिजनों का अस्पताल पर लापरवाही का गंभीर आरोप
महिला की मौत की जानकारी मिलते ही परिजन, ग्रामीण और सम्बन्धी मंगलवार को अस्पताल पहुंच गए और वहां हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों ने आरोप लगाया कि ऑपरेशन के दौरान लापरवाही हुई और डॉक्टरों ने समय से कोई कदम नहीं उठाया।
पुलिस पहुंची मौके पर, जांच शुरू
सूचना मिलते ही भदोही कोतवाल सच्चिदानंद पांडेय पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और परिजनों को शांत कराने का प्रयास किया। पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि इस अस्पताल पर पहले भी लापरवाही और विवादों के आरोप लग चुके हैं।
अस्पताल का स्टाफ फरार, शटर डाउ́n
घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन और पूरा स्टाफ अस्पताल से फरार बताया जा रहा है। अस्पताल में ताला लटका हुआ है और कोई भी रिकॉर्ड या साक्ष्य नहीं मिला।स्वास्थ्य विभाग की टीम जांच के लिए अस्पताल पहुंची, लेकिन अस्पताल बंद होने के कारण कोई दस्तावेज नहीं मिल सके। मुख्य चिकित्सा अधिकारी भदोही से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई।
पहले भी कई घटनाएं, अस्पताल की कार्यशैली पर उठे सवाल
भदोही के इस अस्पताल पर पहले भी लापरवाही के कई आरोप लग चुके हैं। हाल ही में औराई के एक अस्पताल को भी गंभीर घटनाओं के बाद सीज किया गया था। एक और महिला की मौत ने निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।परिजनों ने अस्पताल पर कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए पीड़ित परिवार के लिए न्याय की गुहार लगाई है।

